Indore Basement Survey

इंदौर में बेसमेंट पार्किंग पर फिर सख्ती… अवैध निर्माणों का होगा नया सर्वे!

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इंदौर/आई संवाद/ मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में नगर निगम ने एक बार फिर बहुमंजिला इमारतों के बेसमेंट में किए गए, अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है। वहीं निगम प्रशासन ने शहर के सभी 22 जोनों में पदस्थ बिल्डिंग अधिकारियों को बेसमेंट सर्वे की जिम्मेदारी सौंपी है। सर्वे रिपोर्ट मिलने के बाद नियमों का उल्लंघन करने वाले भवनों पर कार्रवाई की जाएगी। अवैध निर्माणों को ध्वस्त करने के साथ ही जरूरत पड़ने पर संबंधित हिस्सों को सील भी किया जा सकता है।

बेसमेंट का उपयोग व्यावसयिक के रुप में संचालित
जानकारी के अनुसार, निगम द्वारा स्वीकृत नक्शों में बेसमेंट का उपयोग पार्किंग अथवा गोदाम के रूप में करने की अनुमति दी जाती है, लेकिन कई स्थानों पर इन जगहों का व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा है। बेसमेंट में दुकानें, शोरूम, क्लिनिक, अस्पताल, सर्विस सेंटर, स्टोर रूम और अन्य व्यावसायिक गतिविधियां संचालित होने की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं।

पूर्व में भी हुई थी कार्रवाई
इससे पहले जिला प्रशासन, नगर निगम और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में लगभग 240 बहुमंजिला इमारतों के बेसमेंट में बने अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की गई थी। उस दौरान कई दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सील कर दिया गया था तथा कुछ स्थानों पर मलबा भरकर उपयोग पर रोक लगाई गई थी।

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अवैध कब्जों और निर्माणों का सर्वे शुरु
हालांकि शुरुआती सख्ती के बाद यह अभियान धीमा पड़ गया था। अब नगर निगम ने दोबारा सर्वे शुरू कर अवैध कब्जों और निर्माणों की स्थिति का आकलन करने का निर्णय लिया है। विशेष रूप से उन इमारतों की भी जांच की जा रही है, जहां पहले कार्रवाई हो चुकी है।

ट्रैफिक व्यवस्था होती है प्रभावित
शहर में बढ़ते ट्रैफिक जाम की एक बड़ी वजह बेसमेंट पार्किंग का व्यावसायिक उपयोग भी माना जा रहा है। पार्किंग की जगह खत्म होने से वाहन सड़क किनारे खड़े किए जाते हैं, जिससे मुख्य मार्गों और बाजार क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था प्रभावित होती है। कई स्थानों पर दोपहिया और चारपहिया वाहन सड़क का बड़ा हिस्सा घेर लेते हैं, जिसके कारण लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है।

महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने दी जानकारी
महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने बताया कि जिन भवनों में स्वीकृत नक्शे के विपरीत बेसमेंट का उपयोग किया जा रहा है, उन्हें चिन्हित कर कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि पहले कार्रवाई का सामना कर चुके भवनों की भी दोबारा जांच होगी और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम जल्द ही इस विशेष अभियान की शुरुआत करेगा।

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