सिंधिया खेमे में मची उठापटक... कांग्रेस में जा सकता है ये समर्थक!

सिंधिया खेमे में मची उठापटक… कांग्रेस में जा सकता है ये समर्थक!

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ग्वालियर/आई संवाद/ मध्यप्रदेश की सियायत में हालिया दौर में सिंधिया खेमे की चर्चा सबसे ज्यादा हो रही है, जबसे पूर्व सांसद केपी यादव को नागरिक आपूर्ति निगम का अध्यक्ष बनाया गया है, तब से सिंधिया समर्थकों में अंदरुनी तौर पर नाराजगी साफतौर पर छलकी है, कभी बयानबाजी के जरिए वो उभरकर सामने आई, तो उसके बाद पार्टी ने ऐसे बयानवीरों को नोटिस थमा दिया, जिसके बाद उन्हें बैकफुट पर आना पड़ा, वहीं अब चर्चा ग्वालियर के एक सिंधिया समर्थक की हो रही है, जिसने बीजेपी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया, और जल्द कांग्रेस में वापसी कर सकता है।

पूर्व पार्षद देवेंद्र पाठक होंगे कांग्रेस में शामिल!
ग्वालियर में बीजेपी को बड़ा झटका लगने की संभावना जताई जा रही है, क्योंकि सिंधिया समर्थक एवं पूर्व पार्षद देवेंद्र पाठक के कांग्रेस में शामिल होने की चर्चाएं जोरों पर है, हालांकि अभी महज कयासबाजियां ही चल रही है, आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। बता दें कि देवेंद्र पाठक ने पहले ही बीजेपी को बाय-बाय कर दिया है, जिसके बाद उन्होंने बीजेपी जिला अध्यक्ष  जयप्रकाश राजोरिया के कार्य व्यवहार पर भी सवाल खड़े किए थे, और जमीनी कार्यकर्ताओं की अनदेखी का आरोप लगाया था।

सिंधिया के प्रति जताई निष्ठा
देवेंद्र पाठक के बीजेपी के दामन छोड़ने के बीच उनका एक बयान चर्चा का विषय बना हुआ है कि ‘पार्टी छोड़ सकता हूं, लेकिन सिंधिया जी का साथ नहीं छोड़ूंगा।‘ इस बयान को आने वाले वक्त के लिए एक बड़ा राजनैतिक संकेत भी माना जा रहा है, क्योंकि अंदरखानों से निकली खबरों के अनुसार कई अन्य सिंधिया समर्थक भी बीजेपी को पचा नहीं पा रहे हैं। निगम-मंडल की नियुक्ति में भी कई सिंधिया समर्थक निराश बैठे हुए हैं, जबकि कांग्रेस में उनकी तूती बोलती थी।

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क्या फिर होगा बड़ा उलटफेर
ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ सैकड़ों की संख्या में नेता बीजेपी में शामिल हो गए थे, जिन्हें साल 2020 में भाजपा में समायोजित किया था। शुरुआती दौर में कई नेताओं को संगठन और सत्ता में जिम्मेदारियां मिलीं, लेकिन समय के साथ कुछ नेताओं ने खुद को बीजेपी में उपेक्षित समझना शुरु कर दिया। ग्वालियर-चंबल में ये स्थिति सबसे ज्यादा है, उसी का ट्रैलर देवेंद्र पाठक के रुप में सामने आया है।

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